Lesson 2: e-Mitra Operations & Management | ईमित्र ट्रेनिंग कोर्स 2026

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Topic 1: ईमित्र आईडी एक्टिवेशन और TOTP सेटअप

पहली बार आईडी चालू करने और भविष्य के सुरक्षित लॉगिन की पूरी प्रक्रिया

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र की नई आईडी मिलने के बाद उसे पहली बार एक्टिवेट करना ज़रूरी है। एक्टिवेशन के बाद ही सुरक्षा के लिए TOTP (Google Authenticator) लागू होता है।

1. आईडी एक्टिवेट करें

SSO लॉगिन करके e-Mitra आइकन पर क्लिक करें। अपनी कियोस्क डिटेल्स चेक करें और सबमिट करके आईडी एक्टिवेट करें।

2. TOTP सेट करें

एक्टिवेशन के बाद अपनी प्रोफाइल में जाकर 2FA चालू करें और Google Authenticator ऐप से QR कोड स्कैन करें।

एक्टिवेशन और TOTP का पूरा प्रोसेस यहाँ देखें 👇

ध्यान दें:

  • आईडी सिर्फ एक बार एक्टिवेट करनी होती है।
  • एक्टिवेशन के बाद हर बार लॉगिन करने के लिए आपको मोबाइल ऐप में आने वाले TOTP कोड की ज़रूरत पड़ेगी।
  • अब लॉगिन के लिए फिंगरप्रिंट मशीन की ज़रूरत नहीं है।

Topic 2: ईमित्र वॉलेट रिफिल प्रक्रिया

ईमित्र वॉलेट की समझ, रिफिल के तरीके और जरूरी सावधानियां

ईमित्र वॉलेट क्या होता है?

ईमित्र वॉलेट एक तरह का Digital Prepaid Wallet है। जब भी आप किसी ग्राहक का बिजली बिल भरते हैं, मूल निवास या जाति प्रमाण पत्र बनाते हैं, तो उसका सरकारी शुल्क (Token) इसी वॉलेट से कटता है। बिना वॉलेट बैलेंस के आप पोर्टल पर कोई भी ट्रांजेक्शन नहीं कर सकते।

रिफिल गाइड: आईडी शुरू करने के लिए पहली बार कम से कम ₹500 डालना जरूरी है, लेकिन स्मूथ काम के लिए ₹5000 का रिफिल सबसे अच्छा रहता है।

पेमेंट करने के तरीके:

Net Banking

सबसे सुरक्षित और फेल होने के चांस कम।

UPI / QR

PhonePe/GPay से तुरंत भुगतान।

वॉलेट रिफिल की लाइव प्रक्रिया देखें 👇

रिफिल करते समय सावधानियाँ:

  • Page Refresh न करें: पेमेंट करते समय पेज को रिफ्रेश या बैक (Back) बटन न दबाएं।
  • Net Banking को प्राथमिकता दें: बड़े अमाउंट (जैसे ₹5000+) के लिए नेट बैंकिंग सबसे सुरक्षित है।
  • Receipt संभालें: पेमेंट होने के बाद 'Transaction Successful' का स्क्रीनशॉट या रसीद जरूर सेव करें।
  • Double Payment से बचें: अगर पैसा बैंक से कट जाए और वॉलेट में न आए, तो दोबारा पेमेंट करने से पहले 30 मिनट इंतज़ार करें।

Topic 3: प्रमाण पत्र व ID कार्ड डाउनलोड

अपना आधिकारिक ईमित्र सर्टिफिकेट और पहचान पत्र प्राप्त करने की विधि

आईडी एक्टिवेट होने के बाद सबसे पहला गर्व का काम होता है अपना ईमित्र सर्टिफिकेट और आईडी कार्ड डाउनलोड करना। इसे अपनी दुकान पर लगाना अनिवार्य है ताकि ग्राहकों को पता चले कि आप एक अधिकृत (Authorized) संचालक हैं।

डाउनलोड करने की प्रक्रिया:

  • ईमित्र डैशबोर्ड पर लॉगिन करें।
  • बाएँ तरफ दिए गए 'User Management' मेनू पर क्लिक करें।
  • वहाँ 'Download Certificate' वाले विकल्प को चुनें।
  • इसी प्रकार 'Identity Card' विकल्प पर क्लिक करके अपना कार्ड जनरेट करें।
  • यह फाइल PDF फॉर्मेट में डाउनलोड होगी, जिसे आप सेव कर सकते हैं।

सर्टिफिकेट डाउनलोड का लाइव ट्यूटोरियल 👇

प्रिंटिंग निर्देश:

सर्टिफिकेट को हमेशा Color (रंगीन) में प्रिंट करें। इसे अच्छी क्वालिटी के फोटो पेपर पर निकालें और फिर इसे फ्रेम करवाकर अपनी दुकान के मुख्य स्थान पर लगाएं।

ID कार्ड का उपयोग:

आईडी कार्ड को छोटा (ATM साइज) प्रिंट करके लेमिनेट करें। सरकारी कार्यालयों में काम के दौरान इसे पहनना अनिवार्य है ताकि आपकी पहचान सुनिश्चित हो सके।

Topic 4: रेट लिस्ट व साइन बैनर

नियमों के अनुसार केंद्र पर रेट लिस्ट और बोर्ड लगाने की पूरी जानकारी

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र केंद्र के सही संचालन के लिए सरकारी नियमों के अनुसार रेट लिस्ट और साइन बोर्ड लगाना अनिवार्य है। इससे न सिर्फ आप पेनल्टी से बचते हैं, बल्कि ग्राहकों का विश्वास भी बढ़ता है।

आधिकारिक रेट लिस्ट (नमूना)

ईमित्र रेट लिस्ट

(दुकान के अंदर लगाने वाली रेट लिस्ट)

साइन बोर्ड बैनर डिज़ाइन

ईमित्र साइन बोर्ड

(दुकान के बाहर लगाने वाला ब्रांडिंग बोर्ड)

सावधानी: रेट लिस्ट हमेशा ऐसी जगह लगाएं जहाँ ग्राहक उसे आसानी से पढ़ सकें। इसमें नवीनतम दरों (Latest Rates) का होना ज़रूरी है। बिना बोर्ड के काम करना नियम विरुद्ध है।

रेट लिस्ट और बोर्ड लगाने का सही तरीका 👇

Topic 5: अनिवार्य रजिस्टर एवं पुस्तिकाएं

उपभोक्ता सेवा, निरीक्षण और शिकायत पुस्तिका की पूरी जानकारी

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र केंद्र के सही संचालन के लिए सरकारी नियमों के अनुसार कुछ अनिवार्य रजिस्टर रखना बहुत ज़रूरी है। इनके बिना आपका केंद्र अधूरा माना जाता है और औचक निरीक्षण के समय आप पर जुर्माना लग सकता है।

ये 3 पुस्तिकाएं रखना अनिवार्य है:

1. उपभोक्ता सेवा पुस्तिका

यह सबसे महत्वपूर्ण रजिस्टर है। इसमें आपको हर ग्राहक का नाम, ली गई सर्विस, टोकन नंबर और लिया गया शुल्क दर्ज करना होता है। ग्राहक के हस्ताक्षर भी इसी में लिए जाते हैं ताकि आपके पास रिकॉर्ड रहे।

2. निरीक्षण पुस्तिका

जब भी DeGS, LSP या अन्य सरकारी अधिकारी आपके केंद्र की जांच करने आते हैं, तो वे अपनी रिपोर्ट और टिप्पणी इसी रजिस्टर में दर्ज करते हैं।

3. शिकायत व सुझाव पुस्तिका

ग्राहकों की सुविधा के लिए इसे रखा जाता है। यदि किसी ग्राहक को कोई परेशानी है या वह कोई सुझाव देना चाहता है, तो वह इसमें अपनी बात लिख सकता है।

जुर्माने से बचें:

इन रजिस्टरों को मेन्टेन न करने पर ₹500 से ₹2500 तक का जुर्माना लग सकता है। उपभोक्ता रजिस्टर न होने पर ऑडिट में बड़ी समस्या आ सकती है।

रजिस्टर भरने का सही तरीका यहाँ सीखें 👇

ऑनलाइन ऑर्डर और डाउनलोड लिंक:

Topic 6: राज धरा (Geo-Tagging) मैपिंग प्रक्रिया

आईडी चालू रखने के लिए मोबाइल ऐप से लोकेशन मैपिंग की पूरी जानकारी

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र आईडी मिलने के बाद उसे स्थाई रूप से चालू रखने के लिए राज धरा (Geo-Tagging) करना अनिवार्य है। यदि आप समय पर मैपिंग नहीं करते हैं, तो आपकी आईडी विभाग द्वारा बंद की जा सकती है।

मैपिंग प्रक्रिया के दो मुख्य चरण:

चरण 1: LSP द्वारा मैपिंग

सबसे पहले आपकी LSP (जिस कंपनी से आईडी ली है) अपनी आईडी से आपकी लोकेशन की मैपिंग करती है। इसके बिना आपकी कियोस्क मैपिंग पूरी नहीं होगी।

चरण 2: स्वयं द्वारा मैपिंग (e-Mitra App)

LSP की मैपिंग के बाद, आपको अपने मोबाइल में e-Mitra App इंस्टॉल करना होगा और अपनी SSO ID से लॉगिन करके दुकान के अंदर और बाहर की फोटो के साथ लोकेशन सबमिट करनी होगी।

आईडी बंद होने से बचाएं:

नियमों के अनुसार, आईडी मिलने के कुछ दिनों के भीतर ही मैपिंग करना जरूरी है। सफल मैपिंग के बाद ही आपकी आईडी स्थाई (Permanent) मानी जाती है।

मोबाइल से राज धरा मैपिंग कैसे करें? लाइव देखें 👇

मैपिंग के समय ध्यान रखने योग्य बातें:

  • मोबाइल का GPS/Location हमेशा ऑन रखें।
  • फोटो खींचते समय दुकान का बैनर और कियोस्क कोड स्पष्ट दिखना चाहिए।
  • हमेशा दुकान के कार्यस्थल पर खड़े होकर ही मैपिंग सबमिट करें।

Topic 7: ईमित्र संचालन के नियम (Rules & Regulation)

DoIT&C द्वारा निर्धारित नियम और गाइडलाइन्स की पूरी जानकारी

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र पर काम शुरू करने से पहले आपको Department of Information Technology & Communication (DoIT&C) द्वारा बनाए गए नियमों को जानना बहुत ज़रूरी है। इन नियमों का पालन न करने पर आपकी आईडी बंद हो सकती है या आप पर भारी जुर्माना लग सकता है।

1. सक्रियता नियम (Non-Functional Rules)

ईमित्र आईडी को चालू रखने के लिए हर महीने कम से कम 30 ट्रांजैक्शन करना अनिवार्य है। यदि आप इससे कम काम करते हैं, तो आपकी आईडी को 'नॉन-फंक्शनल' घोषित कर दिया जाएगा।

ऑफिशियल सरकारी आदेश (PDF) यहाँ से देखें

2. लेनदेन का सही पैटर्न

महीने भर नियमित काम करने के लिए इस पैटर्न का पालन करना बेहतर रहता है:

तारीख अंतराल न्यूनतम ट्रांजैक्शन
1 से 10 तारीख 01 ट्रांजैक्शन
11 से 20 तारीख 05 ट्रांजैक्शन
21 से 31 तारीख 04 ट्रांजैक्शन

3. अनिवार्य दस्तावेज व सामग्री

  • आईडी कार्ड: संचालक के गले में ईमित्र आईडी कार्ड और दुकान में प्रमाण पत्र होना अनिवार्य है।
  • बैनर/साइनबोर्ड: केंद्र पर ईमित्र का आधिकारिक साइनबोर्ड लगा होना चाहिए।
  • रजिस्टर: दैनिक लेनदेन का रजिस्टर अनिवार्य है। (नोट: हमारे यहाँ ये सभी रजिस्टर मौजूद हैं)
  • मूल्य सूची: रेट लिस्ट चस्पा करना अनिवार्य है। सरकार द्वारा निर्धारित शुल्क ही लें।
  • समयबद्धता: ईमित्र केंद्र को समय पर खोलना और नियमों का पालन करना ज़रूरी है।

ईमित्र नियमों की पूरी जानकारी यहाँ देखें 👇

Topic 8: सर्विस उपयोग व ईमित्र पोर्टल की जानकारी

ईमित्र डैशबोर्ड के मुख्य टूल्स और सर्विस सर्च करने का सही तरीका

नमस्ते दोस्तों! आईडी एक्टिवेट होने के बाद अब आपको पोर्टल के हर सेक्शन को समझना होगा। ईमित्र पोर्टल पर मुख्य रूप से दो तरह की सेवाएं होती हैं: Utility और Application

डैशबोर्ड के मुख्य भाग:

Utility Services

इसमें बिजली बिल, पानी बिल, मोबाइल रीचार्ज और फीस जमा करने जैसी रोजाना की सेवाएं आती हैं।

Application Services

सरकारी योजनाओं के फॉर्म, जैसे- जाति, मूल, ईडब्ल्यूएस, और पेंशन के आवेदन यहाँ से किए जाते हैं।

सर्विस कैसे सर्च करें?

  1. पोर्टल के टॉप सर्च बार में सर्विस का नाम लिखें (जैसे: 'Mool' या 'Caste')।
  2. सर्विस का चयन करें और ग्राहक का डेटा भरें।
  3. Get Bill या Add to Bill पर क्लिक करके वॉलेट से भुगतान करें।
  4. सफलतापूर्वक भुगतान के बाद रसीद का प्रिंट लें।

ईमित्र पोर्टल का पूरा टूर यहाँ देखें 👇

खास टिप: अगर आपको कोई सर्विस नहीं मिल रही है, तो सुनिश्चित करें कि आपकी आईडी में पर्याप्त वॉलेट बैलेंस है, क्योंकि कुछ सर्विस बैलेंस कम होने पर दिखाई नहीं देतीं।

Topic 9: ईमित्र का प्रचार-प्रसार कैसे करें?

ज्यादा से ज्यादा ग्राहकों को अपने केंद्र तक लाने के बेहतरीन तरीके

नमस्ते दोस्तों! एक सफल ईमित्र संचालक बनने के लिए ग्राहकों तक पहुँचना बहुत ज़रूरी है। यहाँ हम प्रचार के दो सबसे असरदार तरीकों के बारे में जानेंगे:

ऑफलाइन प्रचार के तरीके

  • आकर्षक साइन बोर्ड: दुकान के बाहर बड़ा और साफ़ बोर्ड लगाएं जो दूर से दिखे।
  • विजिटिंग कार्ड: अपनी दुकान के नाम के कार्ड छपवाएं और ग्राहकों को दें।
  • पैम्फलेट्स: नई योजनाओं की जानकारी वाले पर्चे अखबार में डलवाएं।
  • पब्लिक प्लेस विज्ञापन: स्कूल, पंचायत या बस स्टैंड के पास छोटे पोस्टर चिपकाएं।

ऑनलाइन प्रचार के तरीके

  • WhatsApp Group: अपने ग्राहकों का ग्रुप बनाएं और सरकारी अपडेट्स भेजें।
  • Google Maps: अपनी दुकान को 'Google My Business' पर रजिस्टर करें।
  • Social Media: Facebook और Instagram पर अपनी दुकान का पेज बनाएं।
  • Status अपडेट: रोज़ाना नई भर्ती या योजनाओं के फोटो अपने स्टेटस पर लगाएं।

मार्केटिंग के सीक्रेट टिप्स यहाँ देखें 👇

सफलता का मंत्र:

ग्राहक के साथ हमेशा विनम्र व्यवहार रखें। यदि आप कम समय में सही काम करके देंगे, तो ग्राहक खुद-ब-खुद आपके पास खिंचा चला आएगा और दूसरों को भी बताएगा।

Topic 10: ऑफलाइन फॉर्म डाउनलोड कैसे करें?

सभी सरकारी सेवाओं के लेटेस्ट ऑफलाइन फॉर्म प्राप्त करने की पूरी विधि

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र पर ऑनलाइन आवेदन (Application) करने से पहले ग्राहक को एक भौतिक (Physical) फॉर्म भरना होता है। सही और अपडेटेड फॉर्म का चुनाव करना बहुत ज़रूरी है ताकि आवेदन रिजेक्ट न हो।

मुख्य ऑफलाइन फॉर्म की कैटेगरी:

प्रमाण पत्र फॉर्म

जाति, मूल निवास, अल्पसंख्यक, EWS आदि।

समाज कल्याण फॉर्म

वृद्धावस्था पेंशन, विकलांग पेंशन, पालनहार योजना।

राजस्व विभाग फॉर्म

जमाबंदी, नकल, सीमाज्ञान और अन्य राजस्व कार्य।

यहाँ से डाउनलोड करें

हमने आपकी सुविधा के लिए सभी फॉर्म्स को एक ही जगह अपडेट कर दिया है:

सभी फॉर्म यहाँ से डाउनलोड करें

वेबसाइट से फॉर्म डाउनलोड करने का लाइव तरीका 👇

खास जानकारी: हमेशा फॉर्म डाउनलोड करने के बाद उसका Double Sided (आगे-पीछे) प्रिंट लें, इससे कागज़ की बचत होती है और फॉर्म व्यवस्थित रहता है।

Topic 11: ग्राहक से बात कैसे करें? (Customer Dealing)

बेहतरीन व्यवहार और संवाद से सफल कियोस्क संचालक बनने के टिप्स

नमस्ते दोस्तों! एक अच्छे ईमित्र संचालक की पहचान उसके काम के साथ-साथ उसके व्यवहार से भी होती है। ग्राहक आपके पास तब दोबारा आता है जब उसे आपके यहाँ सम्मान और सही जानकारी मिलती है।

प्रभावशाली संवाद के मुख्य तरीके:

विनम्र शुरुआत

ग्राहक के दुकान में आते ही अभिवादन करें। उनके काम को धैर्यपूर्वक सुनें और उन्हें बैठने के लिए कहें। आपका पहला प्रभाव (First Impression) ही विश्वास जगाता है।

पारदर्शिता रखें

काम का कुल खर्चा (सरकारी फीस + कियोस्क चार्ज) पहले ही स्पष्ट कर दें। रेट लिस्ट की ओर इशारा करें ताकि ग्राहक को लगे कि आप सही दाम ले रहे हैं।

इन बातों का विशेष ध्यान रखें:

  • स्पष्ट जानकारी: यदि कोई काम नहीं हो सकता या उसमें समय लगेगा, तो उसे साफ-साफ और विनम्रता से बताएं।
  • डॉक्यूमेंट लिस्ट: ग्राहक को कागज लिख कर दें ताकि उन्हें बार-बार चक्कर न काटना पड़े।
  • संपर्क बनाए रखें: ग्राहक का मोबाइल नंबर लें और काम होने पर उन्हें सूचित करें।

ग्राहक डीलिंग के सीक्रेट टिप्स यहाँ देखें 👇

सफलता का मंत्र: "संतुष्ट ग्राहक ही आपका सबसे बड़ा विज्ञापन है।" अगर एक ग्राहक खुश होकर जाएगा, तो वह अपने साथ 5 नए ग्राहक और लाएगा।

Topic 12: ट्रांजैक्शन रसीद प्रिन्ट करना

टोकन कटने के बाद ग्राहक को आधिकारिक पावती देने की सही प्रक्रिया

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र पोर्टल पर किसी भी सेवा का भुगतान (Payment) होने के बाद ग्राहक को डिजिटल रसीद देना अनिवार्य है। यह रसीद ही ग्राहक के पास उसके काम का एकमात्र सबूत होती है।

रसीद निकालने के मुख्य तरीके:

तुरंत प्रिंट (Instant)

जैसे ही आप 'Make Payment' करते हैं, स्क्रीन पर रसीद दिखाई देती है। 'Print' बटन दबाकर इसे तुरंत निकालें।

दोबारा प्रिंट (Reprint)

यदि तुरंत प्रिंट नहीं ले पाए, तो पोर्टल पर 'Online Verification' या 'Transaction History' में जाकर रसीद दोबारा निकाल सकते हैं।

प्रिंटिंग सेटिंग (Printer Tips):

  • थर्मल प्रिंटर: छोटी रसीद के लिए 80mm थर्मल प्रिंटर सबसे अच्छा रहता है।
  • लेजर प्रिंटर: A4 पेपर पर रसीद की कॉपी निकाल कर बीच में से काट कर ग्राहक को दें।
  • डिजिटल रसीद: आप रसीद को PDF में सेव करके ग्राहक को WhatsApp भी कर सकते हैं।

रसीद प्रिंट करने की लाइव प्रक्रिया यहाँ देखें 👇

नोट: ग्राहक को हमेशा रसीद पर अपनी दुकान की मुहर (Stamp) लगाकर दें, इससे आपका काम प्रोफेशनल लगता है।

Topic 13: ट्रांजैक्शन (Transaction) कैसे देखें?

अपने दैनिक और पुराने लेन-देन का रिकॉर्ड चेक करने की पूरी प्रक्रिया

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र पोर्टल पर किए गए हर काम का रिकॉर्ड सुरक्षित रहता है। अपनी कमाई और ट्रांजैक्शन की स्थिति जानने के लिए आपको नियमित रूप से **Transaction History** चेक करनी चाहिए।

ट्रांजैक्शन चेक करने के मुख्य विकल्प:

Transaction History

पोर्टल के 'Services' मेनू में जाकर इसे चुनें। यहाँ आप तारीख (Date) डालकर पुराने सभी टोकन की लिस्ट देख सकते हैं।

Wallet Ledger

यह आपके डिजिटल पासबुक की तरह है। इसमें आप देख सकते हैं कि किस टोकन के लिए आपके वॉलेट से कितने पैसे कटे और कितना बैलेंस बचा।

ट्रांजैक्शन खोजने के स्टेप्स:

  • पोर्टल पर लॉगिन करें और 'Dashboard' पर जाएं।
  • 'Transaction History' विकल्प का चयन करें।
  • 'Start Date' और 'End Date' भरें।
  • 'Fetch' बटन पर क्लिक करते ही आपके सामने सभी ट्रांजैक्शन की लिस्ट आ जाएगी।

ट्रांजैक्शन हिस्ट्री चेक करने का लाइव डेमो 👇

महत्वपूर्ण सलाह: अगर बैंक से पैसा कट जाए पर ट्रांजैक्शन Failed दिखाए, तो 'Transaction History' में 'Check Status' बटन पर क्लिक करके उसे अपडेट करें।

Topic 14: स्टेशनरी - राशन कार्ड डायरी व पीला कार्ड

राशन कार्ड डायरी और पीला सर्टिफिकेट प्रिंटिंग फॉर्मेट की पूरी जानकारी

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र पर कुछ सेवाओं के लिए हमें विशेष फॉर्मेट और स्टेशनरी की आवश्यकता होती है। प्रोफेशनल दिखने के लिए हमेशा निर्धारित फॉर्मेट का ही उपयोग करें।

राशन कार्ड डायरी (Ration Card)

नया राशन कार्ड बनाने के बाद उसे प्रिंट करने के लिए असली डायरी जैसा दिखने वाला डिजिटल फॉर्मेट यहाँ उपलब्ध है।

डाउनलोड करें

पीला कार्ड (Yellow Certificate)

पेंशन या अन्य सेवाओं के लिए उपयोग होने वाले पीले कार्ड का हुबहू प्रिंटिंग पेपर फॉर्मेट यहाँ से प्राप्त करें।

डाउनलोड करें

प्रिंटिंग के लिए सुझाव:

  • बेहतर क्वालिटी के लिए 180 GSM से 220 GSM वाले पेपर का उपयोग करें।
  • प्रिंटर की सेटिंग में 'High Quality' मोड का चुनाव करें।
  • राशन कार्ड डायरी को प्रिंट करने के बाद उसे अच्छी तरह से स्टेपल या फोल्ड करके ग्राहक को दें।

स्टेशनरी प्रिंट और सेट करने का तरीका 👇

क्या आपके पास रजिस्टर खत्म हो गए हैं?
हमारी वेबसाइट पर सभी प्रकार के ईमित्र रजिस्टर और स्टेशनरी कम दामों में उपलब्ध है।

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Topic 15: ईमित्र की कमाई और कमीशन की जानकारी

जानें कैसे बनता है आपका कमीशन और कब आता है आपके खाते में पैसा

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र एक कमीशन आधारित बिजनेस है। यहाँ आपकी कमाई आपके द्वारा किए गए ट्रांजैक्शन की संख्या और उनके प्रकार पर निर्भर करती है।

कमाई कैसे बँटती है? (Commission Share)

कियोस्क हिस्सा (70%)

कुल नेट कमीशन का अधिकतम हिस्सा आपको मिलता है। यह आपके द्वारा की गई मेहनत का फल है।

LSP हिस्सा (20%)

जिस कंपनी (LSP) से आपने आईडी ली है, वह टेक्निकल सपोर्ट और सर्विस के बदले अपना हिस्सा लेती है।

पैसा कब और कहाँ मिलता है?

  • कमीशन का समय: हर महीने का कमीशन अगले महीने की 1 से 5 तारीख के बीच आता है।
  • भुगतान का तरीका: कमीशन सीधे आपके ईमित्र वॉलेट में जुड़ जाता है
  • TDS कटौती: सरकारी नियमानुसार कमीशन पर कुछ प्रतिशत TDS कटता है, जिसे आप ITR भरकर वापस पा सकते हैं।

कमीशन का पूरा गणित इस वीडियो में समझें 👇

खास जानकारी: बिजली-पानी बिल और मोबाइल रीचार्ज पर कमीशन कम होता है, जबकि सरकारी फॉर्म (जाति, मूल, पेंशन) भरने पर कमाई ज्यादा होती है। इसलिए सभी सर्विस पर काम करें।

Topic 16: ईमित्र आईडी माइग्रेट कैसे करें?

अपनी वर्तमान LSP कंपनी को बदलकर दूसरी कंपनी में जाने की पूरी प्रक्रिया

नमस्ते दोस्तों! यदि आप अपनी वर्तमान LSP कंपनी के सपोर्ट या सर्विस से संतुष्ट नहीं हैं, तो आप अपनी आईडी को दूसरी LSP में Migrate (स्थानांतरित) करवा सकते हैं। इसके लिए सरकार ने कुछ नियम तय किए हैं।

माइग्रेशन के मुख्य नियम और शर्तें:

समय सीमा

आम तौर पर एक LSP के साथ कम से कम 1 साल तक काम करना अनिवार्य है, उससे पहले माइग्रेशन संभव नहीं होता।

NOC की आवश्यकता

अपनी पुरानी कंपनी से 'अनापत्ति प्रमाण पत्र' (NOC) लेना होता है कि आपका कोई पैसा या पेनल्टी बकाया नहीं है।

माइग्रेशन के स्टेप्स:

  1. अपनी नई पसंद की LSP कंपनी से संपर्क करें।
  2. माइग्रेशन फॉर्म और आवश्यक दस्तावेज (ID, एड्रेस प्रूफ) तैयार करें।
  3. नई कंपनी आपका आवेदन विभाग (DoIT&C) को भेजेगी।
  4. विभाग की मंजूरी के बाद आपकी आईडी नई कंपनी के अंडर मैप हो जाएगी।

LSP माइग्रेशन की लाइव प्रोसेस यहाँ देखें 👇

ध्यान दें: माइग्रेशन प्रक्रिया के दौरान कुछ दिनों के लिए आपकी आईडी बंद (Suspend) रह सकती है, इसलिए अपना जरूरी काम पहले ही निपटा लें।

Topic 17: यूजर मैनेजमेंट (User Management)

ऑपरेटर आईडी बनाना, स्टेटस चेक करना और डिलीट करने की पूरी जानकारी

नमस्ते दोस्तों! यदि आप अपने ईमित्र केंद्र पर किसी हेल्पर या कर्मचारी को काम पर रखते हैं, तो User Management टूल आपके बहुत काम आता है। इसके जरिए आप अपनी मुख्य आईडी की सुरक्षा बनाए रख सकते हैं।

इसकी जरूरत क्यों पड़ती है?

  • अपनी मुख्य SSO ID और पासवर्ड को गुप्त रखने के लिए।
  • एक ही दुकान पर दो अलग-अलग ऑपरेटर से काम करवाने के लिए।
  • कर्मचारियों द्वारा किए गए ट्रांजैक्शन पर नज़र रखने के लिए।

मुख्य कार्य:

यूजर बनाना (Create)

ऑपरेटर की SSO ID मैप करके आप उसे काम करने की अनुमति दे सकते हैं।

स्टेटस व डिलीट

आप कभी भी देख सकते हैं कि ऑपरेटर एक्टिव है या नहीं, और जरूरत पड़ने पर उसे हटा सकते हैं।

ऑपरेटर आईडी बनाने का लाइव तरीका 👇

सुरक्षा टिप: जब भी कोई कर्मचारी नौकरी छोड़े, तो 'User Management' में जाकर उसकी आईडी तुरंत **Deactivate** कर दें ताकि आपके वॉलेट का दुरुपयोग न हो।

Topic 18: समस्या समाधान पोर्टल (Grievance Redressal)

तकनीकी समस्याओं और ट्रांजैक्शन शिकायतों के समाधान की पूरी प्रक्रिया

नमस्ते दोस्तों! ईमित्र पोर्टल पर काम के दौरान आने वाली किसी भी समस्या के आधिकारिक समाधान के लिए Ticketing System (Helpdesk) का उपयोग किया जाता है। यहाँ अपनी बात सीधे विभाग तक पहुँचाई जा सकती है।

शिकायत कब दर्ज करनी चाहिए?

  • टोकन कटने के बाद भी सर्विस का लाभ न मिलना।
  • वॉलेट से गलत राशि की कटौती होना।
  • डिजिटल सिग्नेचर या पोर्टल एक्सेस में तकनीकी समस्या।
  • किसी सर्विस का लंबे समय तक 'Pending' रहना।

टिकट (Ticket) जनरेट करने के स्टेप्स:

1. शिकायत दर्ज करें

पोर्टल पर Online Verification या Helpdesk में जाकर 'Raise Ticket' चुनें और ट्रांजैक्शन डिटेल्स भरें।

2. स्टेटस ट्रैक करें

टिकट आईडी मिलने के बाद आप Track Request में जाकर देख सकते हैं कि आपकी समस्या पर क्या कार्रवाई हुई है।

ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने का लाइव तरीका 👇

खास टिप: शिकायत दर्ज करते समय एरर मैसेज का स्क्रीनशॉट (Screenshot) ज़रूर अपलोड करें, इससे आपकी समस्या का समाधान जल्दी होता है।

Topic 19: रिपोर्ट पोर्टल (Report Portal) की जानकारी

अपने कियोस्क के पूरे कामकाज और कमाई का लेखा-जोखा प्राप्त करें

नमस्ते दोस्तों! यह Lesson 2 का अंतिम टॉपिक है। Report Portal वह जगह है जहाँ आप अपने कियोस्क के प्रदर्शन का विश्लेषण कर सकते हैं और अपनी कमाई का पक्का रिकॉर्ड रख सकते हैं।

रिपोर्ट पोर्टल में मिलने वाली मुख्य रिपोर्ट्स:

सर्विस वाइज रिपोर्ट

आपने किस सर्विस (जैसे जन आधार, राशन कार्ड) में कितने ट्रांजैक्शन किए, इसकी पूरी जानकारी यहाँ मिलती है।

कमीशन स्टेटमेंट

हर महीने आपका कितना शुद्ध कमीशन बना और कितनी कटौती हुई, इसका पूरा हिसाब यहाँ से डाउनलोड करें।

रिपोर्ट कैसे देखें?

  • ईमित्र पोर्टल पर लॉगिन करें और Reports सेक्शन में जाएं।
  • अपनी आवश्यकतानुसार 'Daily' या 'Monthly' रिपोर्ट का चुनाव करें।
  • तारीख भरें और Show Report पर क्लिक करें।
  • इसे भविष्य के लिए Excel या PDF में सुरक्षित (Save) कर लें।

रिपोर्ट पोर्टल का उपयोग कैसे करें? लाइव डेमो 👇

बधाई हो! Lesson 2 पूर्ण हुआ

आपने सफलतापूर्वक ईमित्र आईडी मिलने के बाद के सभी 19 जरूरी स्टेप्स सीख लिए हैं। अब आप एक प्रोफेशनल कियोस्क संचालक बनने के लिए तैयार हैं।