टॉपिक 1: उत्तर मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना (SJE)
योजना की पूरी जानकारी, पात्रता, दस्तावेज और ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
उत्तर मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना क्या है?
इस योजना में नॉन-रिफंडेबल फीस एवं अनुरक्षण भत्ते को शामिल कर छात्रवृत्ति के रूप में छात्रों को आर्थिक सहायता दी जाती है।
योजना की पात्रता:
- छात्र-छात्रा राजस्थान राज्य के मूल निवासी हों।
- श्रेणी: अनुसूचित जाति (SC), जनजाति (ST), आर्थिक रूप से पिछड़ा वर्ग (EBC), B.P.L राशन कार्ड धारक, अन्त्योदय, स्टेट B.P.L, अनाथ बालक-बालिका, स्वयं विधवा, विधवा के पुत्र-पुत्री, तलाकशुदा महिला या उनके पुत्र-पुत्री, और विशेष योग्यजन।
- आय सीमा: माता-पिता/संरक्षक की वार्षिक आय 2.50 लाख तक या इससे कम हो।
- छात्र सरकारी या मान्यता प्राप्त शिक्षण संस्थान में नियमित पढ़ाई कर रहे हों।
- जन आधार अनिवार्य: जन आधार कार्ड में जाति, मूल और बैंक अकाउंट लिंक होना जरूरी है।
- उपस्थिति: प्रत्येक माह कॉलेज में जाकर बायोमेट्रिक मशीन पर उपस्थिति देनी होगी।
आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज:
नोट: सभी दस्तावेज ओरिजिनल स्कैन करने हैं, फोटोकॉपी नहीं लगा सकते।
आवेदन कैसे करें?
तरीका 1: ई-मित्र कीओस्क पर सभी मूल दस्तावेज ले जाकर।
तरीका 2: स्वयं के SSO पोर्टल के माध्यम से (आधार में मोबाइल नंबर जुड़ा होना या फिंगरप्रिंट डिवाइस जरूरी है)।
ऑनलाइन आवेदन की पूरी प्रक्रिया 👇
फॉर्म Send Back होने पर Resubmit कैसे करें?
यदि विभाग या कॉलेज फॉर्म वापस भेजता है, तो बताई गई कमी को पूरा कर उसे Resubmit करना होगा। यह काम भी SSO पोर्टल या ई-मित्र से हो सकता है।
ऑब्जेक्शन दूर करने और Resubmit करने का तरीका 👇
छात्रवृत्ति का नवीनीकरण (Renewal) कैसे करें?
अगले सत्र में नया फॉर्म नहीं भर सकते, आपको पुराने फॉर्म का नवीनीकरण ही करना होगा। इसके लिए नया आय प्रमाण पत्र, फीस रसीद और अंक तालिका जरूरी है।
छात्रवृत्ति का नवीनीकरण करने का लाइव तरीका 👇
विशेष नोट:
आवेदन हमेशा SSO पोर्टल से ही करें जिससे आगे का काम आसान हो। ध्यान दें कि अंतिम वर्ष की अंक तालिका, गैप सर्टिफिकेट और विशेष कैटेगरी सर्टिफिकेट लगाना न भूलें। प्रत्येक वर्ष नवीनीकरण करना अनिवार्य है।
टॉपिक 2: मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति योजना
12वीं पास मेधावी छात्रों के लिए राजस्थान सरकार की विशेष सहायता योजना
योजना का परिचय:
यह योजना राजस्थान के उन मेधावी छात्रों के लिए है जिन्होंने 12वीं कक्षा अच्छे अंकों से उत्तीर्ण की है और उच्च शिक्षा (कॉलेज) में प्रवेश लिया है। इसके तहत छात्र को अधिकतम 5 वर्ष तक प्रतिवर्ष ₹5,000 (कुल ₹25,000) की सहायता दी जाती है।
योजना की पात्रता:
- न्यूनतम अंक: छात्र ने राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE), अजमेर से 12वीं कक्षा में कम से कम 60% अंक प्राप्त किए हों।
- वरीयता सूची: छात्र का नाम बोर्ड की वरीयता सूची (Merit List) के प्रथम 1,00,000 छात्रों में शामिल होना चाहिए।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- अन्य योजना: छात्र किसी अन्य छात्रवृत्ति योजना (जैसे उत्तर मैट्रिक) का लाभ नहीं ले रहा हो।
- बैंक खाता: छात्र का स्वयं का बैंक खाता जन आधार से लिंक होना अनिवार्य है।
आवश्यक दस्तावेज:
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
इसका आवेदन भी SSO पोर्टल के माध्यम से 'Scholarship (CE)' एप्लीकेशन से किया जाता है। प्रथम वर्ष आवेदन के बाद, अगले वर्षों में छात्रवृत्ति जारी रखने के लिए नवीनीकरण (Renewal) करना जरूरी है, जिसके लिए पिछले वर्ष में कम से कम 50% अंक लाना अनिवार्य है।
मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति - ऑनलाइन आवेदन की पूरी विधि 👇
विशेष नोट:
यह योजना उन छात्रों के लिए रामबाण है जो उत्तर मैट्रिक छात्रवृत्ति के दायरे में नहीं आते। ध्यान दें कि छात्र का बैंक खाता केवल उसके स्वयं के नाम पर होना चाहिए (Joint Account नहीं चलेगा) और वह जन आधार में सही ढंग से अपडेट होना चाहिए।
टॉपिक 3: कालीबाई भील मेधावी छात्रा स्कूटी योजना
छात्राओं के लिए नि:शुल्क स्कूटी वितरण एवं प्रोत्साहन योजना की पूरी जानकारी
योजना का उद्देश्य:
इस योजना का मुख्य उद्देश्य राजस्थान की मेधावी छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए प्रोत्साहित करना है। इसमें कक्षा 12वीं के अंकों के आधार पर छात्राओं को नि:शुल्क स्कूटी (Free स्कूटी) प्रदान की जाती है।
योजना की पात्रता और शर्तें:
- न्यूनतम अंक (RBSE): राजस्थान बोर्ड की छात्राओं के लिए 12वीं में कम से कम 65% अंक होना अनिवार्य है।
- न्यूनतम अंक (CBSE): सीबीएसई बोर्ड की छात्राओं के लिए कम से कम 75% अंक होना अनिवार्य है।
- नियमित प्रवेश: छात्रा का 12वीं के बाद किसी भी कॉलेज में नियमित (Regular) प्रवेश होना जरूरी है।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये से कम होनी चाहिए।
- अन्य योजना: यदि छात्रा ने पहले किसी अन्य योजना में स्कूटी प्राप्त की है, तो वह इस योजना के पात्र नहीं होगी (लेकिन पहले मिली हुई स्कूटी के आधार पर प्रोत्साहन राशि के लिए पात्र हो सकती है)।
आवश्यक दस्तावेज (मूल प्रति):
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
इस योजना का आवेदन SSO पोर्टल (HTE Application) के माध्यम से किया जाता है। आवेदन के बाद विभाग द्वारा 'Provisional List' जारी की जाती है, जिसमें छात्रा को अपना नाम चेक करना होता है।
कालीबाई स्कूटी योजना - फॉर्म भरने और लिस्ट चेक करने का तरीका 👇
विशेष नोट:
स्कूटी योजना में जन आधार में छात्रा की मार्कशीट के अनुसार नाम, जन्म तिथि और पिता का नाम मैच होना बहुत जरूरी है। यदि विवरण अलग है, तो आवेदन रिजेक्ट हो सकता है। साथ ही, कॉलेज में प्रवेश होने के तुरंत बाद ही इसका आवेदन समय सीमा के भीतर करना चाहिए।
टॉपिक 4: देवनारायण छात्रा स्कूटी एवं प्रोत्साहन राशि योजना
अति पिछड़ा वर्ग (MBC) की छात्राओं के लिए विशेष स्कूटी वितरण योजना
योजना का उद्देश्य:
यह योजना राजस्थान के अति पिछड़ा वर्ग (MBC) जैसे—बंजारा, बालदिया, लबाना, गाड़िया लोहार, गुजर, रायका, रेबारी और गडरिया जाति की मेधावी छात्राओं को उच्च शिक्षा प्रदान करने के लिए संचालित है। इसमें छात्रा को कक्षा 12वीं के अंकों के आधार पर स्कूटी या प्रोत्साहन राशि दी जाती है।
योजना की पात्रता एवं शर्तें:
- श्रेणी: छात्रा केवल राजस्थान के अति पिछड़ा वर्ग (MBC) की होनी चाहिए।
- न्यूनतम अंक: कक्षा 12वीं में कम से कम 50% अंक होना अनिवार्य है।
- नियमित प्रवेश: छात्रा 12वीं के बाद किसी राजकीय या निजी विश्वविद्यालय में नियमित (Regular) अध्ययनरत होनी चाहिए।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- प्रोत्साहन राशि: स्नातक प्रथम वर्ष में स्कूटी न मिलने पर ₹10,000 और द्वितीय, तृतीय वर्ष में ₹10,000-₹10,000 प्रतिवर्ष मिलते हैं। (शर्त: 50% अंक अनिवार्य)।
आवश्यक दस्तावेज (मूल प्रति):
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया:
योजना का आवेदन SSO पोर्टल के माध्यम से HTE (Higher Technical Education) एप्लीकेशन में जाकर किया जाता है। आवेदन के बाद कॉलेज द्वारा दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन किया जाता है।
देवनारायण स्कूटी योजना - आवेदन और पात्रता की पूरी ट्रेनिंग 👇
विशेष नोट:
देवनारायण योजना में आवेदन करते समय ध्यान दें कि जाति प्रमाण पत्र डिजिटल बना हुआ हो। यदि छात्रा ने कालीबाई योजना में स्कूटी के लिए आवेदन किया है, तो वह दोनों में से किसी एक योजना का लाभ ही ले पाएगी। अतः अंकों के आधार पर सही योजना का चयन करें।
टॉपिक 5: श्रमिक कार्ड शिक्षा सहायता योजना
मजदूर कार्ड धारकों के बच्चों के लिए छात्रवृत्ति एवं प्रोत्साहन सहायता
योजना का परिचय:
राजस्थान श्रम विभाग (Labour Department) द्वारा संचालित इस योजना में उन श्रमिकों के बच्चों को सहायता दी जाती है जिनका श्रमिक कार्ड (Labour Card) बना हुआ है। इसमें कक्षा 6 से लेकर उच्च शिक्षा और प्रोफेशनल कोर्स तक ₹8,000 से ₹25,000 तक की राशि मिलती है।
आवेदन के लिए मुख्य शर्तें:
- सक्रिय कार्ड: माता या पिता का श्रमिक कार्ड (Labour Card) सक्रिय (Active) होना चाहिए।
- 90 दिन का कार्य: कार्ड धारक ने पिछले एक वर्ष में कम से कम 90 दिन निर्माण श्रमिक के रूप में कार्य किया हो।
- बच्चों की सीमा: यह लाभ एक परिवार के अधिकतम दो बच्चों को ही दिया जाता है।
- कक्षा सीमा: कक्षा 6 या उससे ऊपर की कक्षाओं में पढ़ने वाले छात्र ही पात्र हैं।
- समय सीमा: रिजल्ट आने के 6 माह के भीतर आवेदन करना अनिवार्य है।
आवश्यक दस्तावेज (Original Scan):
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
श्रमिक कार्ड छात्रवृत्ति का आवेदन ई-मित्र के माध्यम से या SSO पोर्टल पर LDMS (Labour Department) पोर्टल के जरिए किया जाता है। इसमें एक विशेष फॉर्म स्कूल या कॉलेज से भरवाकर अपलोड करना होता है।
श्रमिक कार्ड छात्रवृत्ति - फॉर्म भरने की पूरी ट्रेनिंग 👇
विशेष नोट:
सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि श्रमिक कार्ड रिन्यू (Renew) होना चाहिए। यदि कार्ड की वैधता समाप्त हो गई है, तो पहले उसे रिन्यू करें, उसके बाद ही छात्रवृत्ति का आवेदन करें। साथ ही, 90 दिन के कार्य का प्रमाण पत्र (ठेकेदार या विभाग द्वारा) स्पष्ट होना चाहिए।
टॉपिक 6: विधवा/परित्यक्ता मुख्यमंत्री (B.Ed.) संबल योजना
बी.एड. करने वाली विधवा और तलाकशुदा महिलाओं के लिए पूर्ण शुल्क प्रतिपूर्ति योजना
योजना का परिचय:
इस योजना का मुख्य उद्देश्य विधवा और परित्यक्ता (तलाकशुदा) महिलाओं को संबल प्रदान करना है ताकि वे बी.एड. (B.Ed.) या शिक्षा शास्त्री का कोर्स करके शिक्षक बन सकें और आत्मनिर्भर बन सकें। इस योजना के तहत छात्राओं द्वारा जमा की गई पूरी फीस (फीस प्रतिपूर्ति) वापस उनके बैंक खाते में डाल दी जाती है।
योजना की पात्रता एवं शर्तें:
- निवासी: आवेदिका राजस्थान राज्य की मूल निवासी होनी चाहिए।
- श्रेणी: आवेदिका या तो विधवा होनी चाहिए या न्यायालय द्वारा प्रमाणित तलाकशुदा/परित्यक्ता होनी चाहिए।
- कोर्स: आवेदिका राजस्थान के किसी भी मान्यता प्राप्त शिक्षण संस्थान से बी.एड. (B.Ed.) कोर्स में नियमित अध्ययनरत हो।
- अन्य योजना: आवेदिका ने इस कोर्स के लिए किसी अन्य छात्रवृत्ति योजना का लाभ न लिया हो।
- आय सीमा: इस योजना में सामान्यतः कोई विशेष आय सीमा बाधक नहीं है, लेकिन जन आधार में विवरण सही होना अनिवार्य है।
आवश्यक दस्तावेज (मूल प्रति):
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
इस योजना का ऑनलाइन आवेदन SSO पोर्टल के माध्यम से किया जाता है। आवेदन के समय Scholarship (SJE) पोर्टल पर जाकर इस विशेष योजना का चयन करना होता है। ई-मित्र के माध्यम से आवेदन करना सबसे सुरक्षित तरीका है।
बी.एड. संबल योजना - फॉर्म भरने और दस्तावेज अपलोड की पूरी ट्रेनिंग 👇
विशेष नोट:
ध्यान दें कि यदि आवेदिका का पुनर्विवाह हो जाता है, तो वह इस योजना का लाभ नहीं ले पाएगी। साथ ही, जन आधार में आवेदिका की वैवाहिक स्थिति (विधवा/तलाकशुदा) अपडेट होना अनिवार्य है, अन्यथा पोर्टल पर योजना प्रदर्शित नहीं होगी।
टॉपिक 7: पालनहार योजना
अनाथ एवं पात्र श्रेणियों के बच्चों हेतु मासिक सहायता एवं शिक्षा योजना
योजना का परिचय:
पालनहार योजना राजस्थान सरकार की वह योजना है जिसमें अनाथ और विशेष परिस्थितियों वाले बच्चों का पालन-पोषण करने वाले व्यक्ति को सरकार प्रतिमाह आर्थिक सहायता प्रदान करती है।
योजना के अंतर्गत मिलने वाला लाभ:
| श्रेणी | 0-6 वर्ष (प्रति माह) | 6-18 वर्ष (प्रति माह) | वार्षिक एकमुश्त |
|---|---|---|---|
| अनाथ श्रेणी | ₹1,500/- | ₹2,500/- | ₹2,000/- |
| अन्य पात्र श्रेणियाँ | ₹750/- | ₹1,500/- |
योजना की पात्रता (पात्र श्रेणियाँ):
- अनाथ बालक-बालिका जिनके माता-पिता दोनों की मृत्यु हो चुकी हो।
- न्यायिक प्रक्रिया से मृत्यु दण्ड या आजीवन कारावास प्राप्त माता-पिता के बच्चे।
- निराश्रित पेंशन प्राप्त करने वाली विधवा माता के बच्चे।
- पुनर्विवाहित विधवा माता के बच्चे।
- HIV/AIDS पीड़ित या कुष्ठ रोग पीड़ित माता-पिता के बच्चे।
- 40% या उससे अधिक विकलांगता वाले (विशेष योग्यजन) माता-पिता के बच्चे।
- तलाकशुदा या परित्यक्ता महिला के बच्चे।
- आय सीमा: पालनहार परिवार की वार्षिक आय 1.20 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- बच्चे का आंगनवाड़ी या स्कूल में नियमित अध्ययनरत होना अनिवार्य है।
आवेदन के लिए आवश्यक दस्तावेज:
ट्रेनिंग वीडियो (यूट्यूब कोर्स):
वीडियो 1: पालनहार योजना का नया आवेदन (Online Apply) कैसे करें
वीडियो 2: पेमेंट स्टेटस चेक करना और ऑब्जेक्शन (Objection) दूर करना
वीडियो 3: वार्षिक सत्यापन (Renewal) की पूरी प्रक्रिया
विशेष नियम एवं सावधानियां:
1. नियमित अध्ययन: बच्चे का स्कूल जाना अनिवार्य है, हर साल जुलाई में अध्ययन प्रमाण पत्र अपडेट करना होता है।
2. सत्यापन: वार्षिक सत्यापन के बिना भुगतान रुक जाता है, इसे समय पर ई-मित्र से करवाएं।
3. जन आधार त्रुटि: यदि जन आधार में डाटा गलत है, तो पहले उसे सही कराएं फिर ही आवेदन करें।
टॉपिक 8: बालिका दूरस्थ शिक्षा योजना
दूरस्थ माध्यम (Distance Mode) से उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाली महिलाओं हेतु फीस प्रतिपूर्ति योजना
योजना का परिचय:
राजस्थान सरकार द्वारा संचालित इस योजना का उद्देश्य उन बालिकाओं और महिलाओं को उच्च शिक्षा से जोड़ना है जो विभिन्न कारणों से नियमित रूप से कॉलेज या विश्वविद्यालय नहीं जा सकतीं। इसमें पत्राचार या दूरस्थ शिक्षा (Distance Education) के माध्यम से स्नातक (UG), स्नातकोत्तर (PG), डिप्लोमा और प्रमाण-पत्र पाठ्यक्रमों की पूरी फीस सरकार द्वारा वापस दी जाती है।
योजना की पात्रता (Eligibility):
- निवासी: आवेदिका राजस्थान राज्य की मूल निवासी होनी चाहिए।
- केवल महिला: यह योजना केवल बालिकाओं और सभी आयु वर्ग की महिलाओं के लिए है।
- संस्थान: छात्रा ने वर्तमान सत्र में दूरस्थ शिक्षा हेतु मान्यता प्राप्त संस्थान (जैसे—VMOU कोटा, IGNOU आदि) में प्रवेश लिया हो।
- कोर्स: स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा या सर्टिफिकेट कोर्स में अध्ययनरत हो।
- अन्य लाभ: आवेदिका ने इस कोर्स के लिए किसी अन्य छात्रवृत्ति या शुल्क प्रतिपूर्ति योजना का लाभ न लिया हो।
योजना के अंतर्गत लाभ:
इस योजना में छात्रा द्वारा संस्थान में जमा कराई गई कोर्स फीस (Tuition Fee) का शत-प्रतिशत पुनर्भुगतान किया जाता है। यह राशि सीधे छात्रा के जन आधार से जुड़े बैंक खाते में ट्रांसफर की जाती है।
आवश्यक दस्तावेज (मूल स्कैन):
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो 1: बालिका दूरस्थ शिक्षा योजना का ऑनलाइन फॉर्म कैसे भरें
वीडियो 2: स्टेटस चेक करना और ऑब्जेक्शन (Objection) दूर करने का तरीका
विशेष नोट एवं नियम:
1. पोर्टल चयन: इस योजना का आवेदन SSO पोर्टल पर HTE (Scholarship) एप्लीकेशन के माध्यम से किया जाता है।
2. जन आधार: आवेदिका का स्वयं का बैंक खाता जन आधार में लिंक होना अनिवार्य है, अन्यथा फीस रिफंड नहीं होगी।
3. समय सीमा: कॉलेज में प्रवेश लेने के बाद निर्धारित समय के भीतर ही पोर्टल पर आवेदन करना आवश्यक है।
टॉपिक 9: राजस्थान की अन्य छात्रवृत्ति योजनाएं
स्कूली एवं कॉलेज छात्रों के लिए संचालित विभिन्न प्रोत्साहन एवं सहायता योजनाएं
(A) स्कूली छात्रों के लिए योजनाएं
1. आपकी बेटी योजना
योजना क्या है: यह योजना गरीबी रेखा के नीचे (BPL) जीवन यापन करने वाले परिवारों की उन बालिकाओं के लिए है जिनके माता-पिता दोनों या किसी एक का निधन हो गया हो।
पात्रता (Eligibility): बालिका राजकीय विद्यालय में कक्षा 1 से 12 में पढ़ रही हो और BPL श्रेणी से हो।
लाभ (Benefit): कक्षा 1-8 तक ₹2,100 और कक्षा 9-12 तक ₹2,500 की वार्षिक सहायता।
आवेदन कैसे करें: इस योजना के आवेदन हेतु अपनी स्कूल में संपर्क करें।
2. गार्गी पुरस्कार योजना
योजना क्या है: मेधावी छात्राओं को शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करने हेतु यह पुरस्कार दिया जाता है।
पात्रता (Eligibility): कक्षा 10वीं की परीक्षा में 75% या उससे अधिक अंक प्राप्त करने वाली छात्राएं।
लाभ (Benefit): कक्षा 10 के आधार पर ₹3,000 और 11वीं-12वीं में नियमित रहने पर अगली किस्त (कुल ₹6,000)।
आवेदन कैसे करें: इस योजना के ऑनलाइन आवेदन एवं जानकारी हेतु अपनी स्कूल में संपर्क करें।
अन्य स्कूली योजनाएं: प्री-मैट्रिक छात्रवृत्ति (SC/ST/OBC), अल्पसंख्यक छात्रवृत्ति, और विशेष योग्यजन छात्रवृत्ति। इन सभी के लिए भी छात्र अपने स्कूल के शाला दर्पण प्रभारी से संपर्क कर सकते हैं।
(B) कॉलेज छात्रों के लिए योजनाएं
- इन्दिरा गांधी वर्किंग वुमन हॉस्टल योजना: कामकाजी महिलाओं और उच्च शिक्षा प्राप्त कर रही बालिकाओं के लिए आवास सहायता।
- डॉ. अम्बेडकर पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति: EBC और DNT श्रेणी के कॉलेज छात्रों के लिए।
- मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा प्रोत्साहन योजना: विशेष श्रेणियों के छात्रों को प्रोफेशनल कोर्सेज के लिए आर्थिक मदद।
- अल्पसंख्यक पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति: जैन, मुस्लिम, सिख, ईसाई समुदायों के कॉलेज छात्रों के लिए (NSP पोर्टल)।
अन्य योजनाओं की जानकारी:
वीडियो: राजस्थान की सभी छोटी-बड़ी छात्रवृत्ति योजनाओं की लिस्ट और आवेदन प्रक्रिया
विशेष निर्देश:
स्कूल स्तर की अधिकांश छात्रवृत्तियां शाला दर्पण (Shala Darpan) के माध्यम से भरी जाती हैं, इसलिए छात्रों को अपने स्कूल में संपर्क करना चाहिए। कॉलेज स्तर की योजनाओं के लिए SSO पोर्टल और NSP (National Scholarship Portal) का नियमित अवलोकन करते रहें।
1. Central (NSP) Pre-Matric Schemes & OTR
NSP पोर्टल पर OTR रजिस्ट्रेशन और केंद्र सरकार की छात्रवृत्ति योजनाएं
OTR (One Time Registration) - अनिवार्य:
OTR क्या है: अब NSP पर फॉर्म भरने से पहले हर छात्र को एक बार रजिस्ट्रेशन करना होता है जिससे उसे एक 'Permanent OTR ID' मिलती है। यह आईडी पूरी पढ़ाई के दौरान काम आती है।
OTR की प्रक्रिया:
- NSP पोर्टल पर 'Apply for OTR' पर क्लिक करें।
- Aadhaar Face RD App: छात्र का चेहरा (Face Auth) स्कैन करना अनिवार्य है।
- आधार से लिंक मोबाइल नंबर पर OTP प्राप्त होगा।
- सफलतापूर्वक फेस स्कैन होने के बाद OTR नंबर जनरेट हो जाएगा।
NSP प्री-मैट्रिक योजना क्या है?
यह भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों द्वारा कक्षा 1 से 10 तक के छात्रों (अल्पसंख्यक, विकलांग आदि) को दी जाने वाली सहायता है।
पात्रता एवं शर्तें:
- अंक: पिछली कक्षा में कम से कम 50% अंक (कक्षा 1 के अलावा)।
- आय: परिवार की वार्षिक आय ₹1 लाख से अधिक न हो।
- आधार अनिवार्य: बिना आधार कार्ड और फेस ऑथेंटिकेशन के OTR नहीं होगा।
आवश्यक दस्तावेज:
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो 1: NSP OTR रजिस्ट्रेशन और Face Auth कैसे करें (Live Process) 👇
वीडियो 2: OTR मिलने के बाद स्कॉलरशिप फॉर्म भरने का तरीका 👇
विशेष सावधानी:
ई-मित्र संचालक ध्यान दें: OTR के लिए छात्र का **Face Authentication** करने के लिए मोबाइल में 'Aadhaar Face RD App' और 'NSP OTR App' इंस्टॉल करना होगा। चेहरा स्कैन करते समय पीछे की बैकग्राउंड साफ़ होनी चाहिए।
2. Central (NSP) Post-Matric Schemes
कक्षा 11, 12 और उच्च शिक्षा (College) के लिए केंद्र सरकार की छात्रवृत्ति योजनाएं
योजना का परिचय:
पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति उन छात्रों के लिए है जो 10वीं कक्षा के बाद उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। यह योजना भारत सरकार के विभिन्न विभागों द्वारा NSP पोर्टल के माध्यम से संचालित की जाती है, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर छात्र अपनी कॉलेज की पढ़ाई पूरी कर सकें।
NSP पोस्ट-मैट्रिक की प्रमुख योजनाएं:
- Post-Matric Minority: अल्पसंख्यक समुदायों के लिए (11वीं से PhD तक)।
- Post-Matric Disabilities: 40% से अधिक विकलांगता वाले छात्रों के लिए।
- Top Class Education Scheme: IIT, IIM और अन्य प्रीमियर संस्थानों में पढ़ने वाले SC छात्रों के लिए।
- Central Sector Scheme (CSS): यूनिवर्सिटी और कॉलेज के मेधावी छात्रों के लिए।
पात्रता एवं शर्तें:
- न्यूनतम अंक: पिछली बोर्ड या कॉलेज परीक्षा में कम से कम 50% अंक होना अनिवार्य है।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय योजना के अनुसार ₹1 लाख से ₹2.5 लाख के बीच होनी चाहिए।
- प्रवेश: छात्र किसी मान्यता प्राप्त कॉलेज या संस्थान में नियमित (Regular) रूप से अध्ययनरत हो।
- OTR अनिवार्य: प्री-मैट्रिक की तरह इसमें भी OTR (One Time Registration) नंबर होना अनिवार्य है।
आवश्यक दस्तावेज:
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया:
1. सबसे पहले NSP पोर्टल पर OTR के माध्यम से लॉगिन करें।
2. 'Apply for Fresh' या 'Renewal' विकल्प का चयन करें।
3. अपनी योजना (Minority/CSS आदि) चुनें और दस्तावेज अपलोड करें।
4. फॉर्म सबमिट करने के बाद प्रिंट निकालकर कॉलेज में जमा कराएं।
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो: पोस्ट-मैट्रिक (NSP) फॉर्म भरने और बोनाफाइड अपलोड करने की पूरी विधि 👇
विशेष सावधानी:
पोस्ट-मैट्रिक फॉर्म में कोर्स (Course) और वर्ष (Year) का चुनाव बहुत ध्यान से करें। यदि कॉलेज स्तर पर डेटा मैच नहीं होता है, तो फॉर्म 'Defective' हो जाता है। छात्रवृत्ति की राशि केवल जन आधार/आधार से लिंक NPCI मैप बैंक खाते में ही आएगी।
3. Merit-cum-Means (MCM) Scholarship
प्रोफेशनल और टेक्निकल (B.Tech, MBBS, MBA, CA) कोर्सेज के लिए विशेष छात्रवृत्ति
योजना का परिचय (Technical & Professional):
यह योजना अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय (Ministry of Minority Affairs) द्वारा संचालित है। यह उन मेधावी छात्रों के लिए है जो स्नातक (Graduation) या स्नातकोत्तर (Post-Graduation) स्तर पर तकनीकी (Technical) या प्रोफेशनल (Professional) कोर्स कर रहे हैं। इसमें सामान्य स्कॉलरशिप से अधिक सहायता राशि मिलती है।
मुख्य पात्र कोर्सेज:
पात्रता एवं शर्तें:
- प्रवेश: छात्र ने प्रतियोगी परीक्षा (जैसे JEE, NEET, CAT) के माध्यम से या सीधे मान्यता प्राप्त संस्थान में प्रवेश लिया हो।
- अंक: पिछली परीक्षा (12वीं या ग्रेजुएशन) में कम से कम 50% अंक अनिवार्य हैं।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय 2.50 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- OTR: NSP पोर्टल पर OTR रजिस्ट्रेशन और Face Auth सफल होना अनिवार्य है।
मिलने वाला लाभ (Scholarship Amount):
इस योजना में ₹20,000 प्रति वर्ष (कोर्स फीस) और ₹1,000 प्रति माह (रखरखाव भत्ता) तक की सहायता मिलती है। लिस्टेड प्रीमियम संस्थानों (जैसे IIT/NIT) के लिए पूरी ट्यूशन फीस प्रतिपूर्ति का प्रावधान है।
आवश्यक दस्तावेज:
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो: MCM Technical Scholarship का फॉर्म भरने और डॉक्यूमेंट अपलोड की पूरी ट्रेनिंग 👇
विशेष सावधानी (Expert Tip):
प्रोफेशनल कोर्सेज में फीस ज्यादा होती है, इसलिए फीस रसीद को बहुत ही स्पष्ट स्कैन करके अपलोड करें। MCM योजना में वेरिफिकेशन के दो स्तर होते हैं (L1: College, L2: State/Ministry), इसलिए फॉर्म भरने के बाद कॉलेज से जल्द वेरीफाई करवाएं।
1. अजीम प्रेमजी छात्रवृत्ति (Azim Premji Scholarship)
सामाजिक परिवर्तन और उच्च शिक्षा के लिए फाउंडेशन द्वारा दी जाने वाली सहायता
योजना का परिचय:
अजीम प्रेमजी फाउंडेशन द्वारा दी जाने वाली यह छात्रवृत्ति उन आर्थिक रूप से कमजोर मेधावी छात्र-छात्राओं के लिए है, जो स्नातक (Undergraduate) स्तर पर पढ़ाई करना चाहते हैं। यह योजना मुख्य रूप से छात्राओं को प्रोत्साहित करने के लिए शुरू की गई है।
योजना की पात्रता:
- क्षेत्र: आवेदिका राजस्थान के सरकारी स्कूलों से पढ़ी हुई होनी चाहिए।
- शिक्षा: कक्षा 12वीं उत्तीर्ण होनी चाहिए और वर्तमान में किसी मान्यता प्राप्त सरकारी कॉलेज में स्नातक (BA, BSc, BCom, आदि) के प्रथम वर्ष में नियमित प्रवेश लिया हो।
- लिंग: यह छात्रवृत्ति मुख्य रूप से बालिकाओं (Girls) के लिए संचालित है।
- आर्थिक स्थिति: परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होनी चाहिए।
मिलने वाला लाभ:
चयनित छात्राओं को उनके पूरे स्नातक पाठ्यक्रम के दौरान ₹27,000/- से ₹30,000/- प्रति वर्ष की सहायता राशि प्रदान की जाती है। यह राशि सीधे बैंक खाते में जमा होती है।
आवश्यक दस्तावेज:
ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
इसका आवेदन अजीम प्रेमजी फाउंडेशन की आधिकारिक वेबसाइट या पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन किया जाता है। आवेदन के बाद फाउंडेशन द्वारा साक्षात्कार (Interview) या सत्यापन भी किया जा सकता है।
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो: अजीम प्रेमजी छात्रवृत्ति का फॉर्म और चयन प्रक्रिया की पूरी जानकारी 👇
विशेष सावधानी:
यह एक प्राइवेट छात्रवृत्ति है, इसलिए इसका आवेदन करते समय विवरण बिल्कुल सही भरें। इसमें चयन शैक्षणिक अंकों के साथ-साथ आपकी पारिवारिक स्थिति के आधार पर भी होता है। ई-मित्र पर इसका फॉर्म भरते समय छात्र का सक्रिय मोबाइल नंबर और ईमेल जरूर डालें।
2. SBI आशा छात्रवृत्ति (SBI Asha Scholarship)
SBI फाउंडेशन द्वारा मेधावी एवं जरूरतमंद छात्रों को दी जाने वाली वार्षिक सहायता
योजना का परिचय:
SBI आशा छात्रवृत्ति, SBI फाउंडेशन की 'एजुकेशन वर्टिकल' का हिस्सा है। इसका उद्देश्य देश के शीर्ष कॉलेजों (NIRF लिस्टेड) में पढ़ने वाले गरीब छात्रों को आर्थिक मदद देना है ताकि वे अपनी डिग्री बिना किसी बाधा के पूरी कर सकें।
योजना की पात्रता:
- कक्षा/कोर्स: छात्र वर्तमान में कक्षा 6 से 12 तक या स्नातक (UG) / स्नातकोत्तर (PG) के प्रथम वर्ष में अध्ययनरत हो।
- अंक: पिछली कक्षा में न्यूनतम 75% अंक होना अनिवार्य है।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय 3 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- संस्थान: छात्र भारत के किसी भी मान्यता प्राप्त स्कूल या कॉलेज में नियमित विद्यार्थी हो।
मिलने वाला लाभ (Scholarship Amount):
इस योजना में चयनित छात्रों को उनकी कक्षा के अनुसार ₹15,000/- से लेकर ₹5,00,000/- तक की वार्षिक सहायता मिल सकती है। (राशि कोर्स और संस्थान के खर्च पर निर्भर करती है)।
आवश्यक दस्तावेज (Original Scan):
ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया:
एसबीआई आशा स्कॉलरशिप के आवेदन मुख्य रूप से Buddy4Study पोर्टल या एसबीआई फाउंडेशन की वेबसाइट के जरिए होते हैं। इसमें छात्र का प्रोफाइल बनाकर दस्तावेज अपलोड करने होते हैं।
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो: SBI आशा स्कॉलरशिप का फॉर्म स्टेप-बाय-स्टेप कैसे भरें 👇
विशेष जानकारी:
यह स्कॉलरशिप "पहले आओ पहले पाओ" या सीमित सीटों के आधार पर हो सकती है, इसलिए पोर्टल खुलते ही जल्द आवेदन करें। इसमें Buddy4Study जैसे पोर्टल पर छात्र का मोबाइल और ईमेल वेरीफाई होना जरूरी है।
3. एचडीएफसी बढ़ते कदम छात्रवृत्ति (HDFC Badhte Kadam)
संकटग्रस्त और आर्थिक रूप से कमजोर मेधावी छात्रों के लिए विशेष सहायता
योजना का परिचय:
एचडीएफसी बैंक की 'परिवर्तन' पहल के तहत शुरू की गई यह छात्रवृत्ति उन छात्रों के लिए है जो किसी पारिवारिक संकट (जैसे माता-पिता की मृत्यु या गंभीर बीमारी) के कारण अपनी पढ़ाई छोड़ने की कगार पर हैं। यह योजना स्कूल से लेकर प्रोफेशनल कोर्सेज तक के छात्रों को कवर करती है।
योजना की पात्रता:
- कक्षा/कोर्स: कक्षा 9 से 12 के स्कूली छात्र, या ग्रेजुएशन/प्रोफेशनल कोर्स (ITI, Nursing, B.Tech) के विद्यार्थी।
- न्यूनतम अंक: पिछली कक्षा में कम से कम 60% अंक होना अनिवार्य है।
- आय सीमा: परिवार की कुल वार्षिक आय 6,00,000 रुपये से कम होनी चाहिए।
- विशेष वरीयता: संकटग्रस्त छात्रों (जैसे- अनाथ बच्चे, गंभीर बीमारी से प्रभावित परिवार) को पहली प्राथमिकता दी जाती है।
मिलने वाला लाभ:
| छात्र श्रेणी | छात्रवृत्ति राशि (वार्षिक) |
|---|---|
| कक्षा 9 से 12 के छात्र | ₹15,000/- से ₹18,000/- |
| सामान्य ग्रेजुएशन (BA/BSc/BCom) | ₹30,000/- |
| प्रोफेशनल कोर्स (B.Tech/MBBS) | ₹1,00,000/- तक |
जरूरी दस्तावेज:
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो: HDFC बढ़ते कदम स्कॉलरशिप का ऑनलाइन फॉर्म भरने की पूरी विधि 👇
ई-मित्र संचालकों के लिए सलाह:
इस फॉर्म में 'Personal Crisis' (पारिवारिक संकट) के बारे में लिखना सबसे जरूरी है। यदि छात्र के जीवन में कोई समस्या रही है, तो उसे विस्तार से बताएं, इससे छात्रवृत्ति मिलने के चांस 90% तक बढ़ जाते हैं।
4. टाटा ट्रस्ट छात्रवृत्ति (Tata Trust Scholarship)
प्रोफेशनल कोर्सेज (Medical & Engineering) के लिए टाटा फाउंडेशन की विशेष सहायता
योजना का परिचय:
टाटा ट्रस्ट स्कॉलरशिप उन मेधावी छात्रों को दी जाती है जो भारत के मान्यता प्राप्त संस्थानों से उच्च शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। यह मुख्य रूप से दो श्रेणियों में होती है: मीन्स ग्रांट (Means Grant) - आर्थिक मदद के लिए, और मेरिट स्कॉलरशिप - उच्च अंकों के लिए।
योजना की पात्रता:
- कोर्स: स्नातक (Bachelor's) या स्नातकोत्तर (Master's) स्तर के प्रोफेशनल कोर्सेज (जैसे- MBBS, B.Tech, Nursing, B.Pharma, M.Tech)।
- अंक: छात्र का शैक्षणिक रिकॉर्ड उत्कृष्ट होना चाहिए (आमतौर पर 60% से अधिक अंक)।
- संस्थान: छात्र भारत के किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय/कॉलेज का नियमित विद्यार्थी हो।
- आय सीमा: परिवार की वार्षिक आय सीमित होनी चाहिए (आमतौर पर ₹4-6 लाख से कम)।
मिलने वाला लाभ:
इस योजना में छात्र की ट्यूशन फीस और कोर्स की लागत के आधार पर आर्थिक सहायता दी जाती है। यह राशि सीधे संस्थान या छात्र के बैंक खाते में भेजी जाती है, जिससे महंगे कोर्सेज की फीस भरना आसान हो जाता है।
आवश्यक दस्तावेज:
आवेदन कैसे करें?
टाटा ट्रस्ट के आवेदन उनकी आधिकारिक वेबसाइट www.tatatrusts.org पर ऑनलाइन भरे जाते हैं। आवेदन के बाद ट्रस्ट द्वारा दस्तावेजों की जांच की जाती है और कभी-कभी टेलीफोनिक इंटरव्यू भी लिया जाता है।
ट्रेनिंग वीडियो:
वीडियो: टाटा ट्रस्ट छात्रवृत्ति के लिए ऑनलाइन आवेदन और आवश्यक सावधानियां 👇
ई-मित्र ऑपरेटरों के लिए सुझाव:
टाटा ट्रस्ट में आवेदन करते समय **Statement of Purpose (SOP)** या छात्र के उद्देश्य के बारे में पूछा जा सकता है। छात्र से कहें कि वह अपनी पढ़ाई के लक्ष्यों को साफ़ शब्दों में लिखे। साथ ही, सभी मार्कशीट को एक ही PDF फाइल में मर्ज करके अपलोड करने की आवश्यकता हो सकती है।